शुक्र का चित्रा नक्षत्र में प्रवेश 24 अक्टूबर 2026: हर जन्म नक्षत्र पर प्रभाव
✨ प्रकाशित 17-10-2026, 05:54
शुक्र 24 अक्टूबर 2026 को 03:22 बजे स्वाति से चित्रा नक्षत्र में जाएंगे। सभी 27 जन्म नक्षत्रों पर प्रभाव।
शुक्र 24 अक्टूबर 2026 को 03:22 बजे (भारतीय समय, नई दिल्ली) स्वाति से निकलकर चित्रा नक्षत्र (तुला राशि) में प्रवेश करेंगे।
चित्रा नक्षत्र
स्वामी मंगल; देवता विश्वकर्मा, देवशिल्पी, प्रतीक चमकता रत्न। स्वभाव मृदु, गण राक्षस।
शुक्र प्रेम-विवाह, सुख-सुविधा, वाहन, कला और विलासिता के कारक हैं; आने वाले समय में इन विषयों पर चित्रा और इसके स्वामी मंगल का रंग रहेगा।
हर जन्म नक्षत्र के लिए (तारा बल)
अपने जन्म नक्षत्र से गिनकर, जिस नक्षत्र में ग्रह अब प्रवेश कर रहा है:
- मृगशिरा, चित्रा, धनिष्ठा — जन्म तारा (आपका अपना नक्षत्र): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन का दबाव मन और शरीर पर — दिनचर्या स्थिर रखें, जल्दबाज़ी के निर्णय टालें।
- रोहिणी, हस्त, श्रवण — संपत तारा (धन): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन से लाभ और सहयोग।
- कृत्तिका, उत्तरा फाल्गुनी, उत्तराषाढ़ा — विपत तारा (विपत्ति): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में बाधा और हानि — वचन देने से पहले जांच लें।
- भरणी, पूर्वा फाल्गुनी, पूर्वाषाढ़ा — क्षेम तारा (कुशलता): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में सुख और सहजता।
- अश्विनी, मघा, मूल — प्रत्यक तारा (विरोध): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में दूसरे आड़े आ सकते हैं — विवाद टालें।
- आश्लेषा, ज्येष्ठा, रेवती — साधना तारा (सिद्धि): प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में प्रयास सफल — कार्य पूरा करने का अच्छा समय।
- पुष्य, अनुराधा, उत्तरा भाद्रपद — नैधन तारा (सबसे कठिन): स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें और प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में जोखिम न लें।
- पुनर्वसु, विशाखा, पूर्वा भाद्रपद — मित्र तारा: प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में मित्र और शुभचिंतक सहायता करेंगे।
- आर्द्रा, स्वाति, शतभिषा — परम मित्र तारा: प्रेम, सुख-सुविधा और वाहन में प्रबल सहयोग और शुभ समाचार।
नक्षत्र गोचर राशि गोचर और आपकी कुंडली की दशा के ऊपर एक सूक्ष्म परत है; यह सप्ताहों का रंग बताता है, निर्णय नहीं करता।
सामान्य फल केवल शुरुआत है: देखें कि यह आपकी अपनी कुंडली में कैसा है।