शुक्र का कन्या राशि में गोचर 6 नवंबर 2026: सभी 12 राशियों पर प्रभाव
🪐 प्रकाशित 30-10-2026, 05:56
शुक्र 6 नवंबर 2026 को 01:04 बजे तुला से कन्या राशि में जाएंगे। हर चंद्र राशि पर गोचर का प्रभाव।
शुक्र 6 नवंबर 2026 को 01:04 बजे (भारतीय समय, नई दिल्ली) तुला से निकलकर कन्या राशि में प्रवेश करेंगे।
ये 22 नवंबर 2026 तक कन्या में रहेंगे।
इस दौरान: 14 नवंबर 2026 को मार्गी।
इस गोचर का स्वभाव
शुक्र प्रेम-विवाह, सुख-सुविधा, वाहन, कला और विलासिता के कारक हैं। कन्या शुक्र की नीच राशि है: यहां ये दुर्बल होते हैं, इसलिए इनके विषयों में अधिक सावधानी और धैर्य चाहिए। ये चित्रा नक्षत्र से कन्या राशि में प्रवेश करेंगे।
हर चंद्र राशि के लिए
गोचर आपकी चंद्र राशि से देखा जाता है। शास्त्रीय नियमों के अनुसार संक्षेप में:
- मेष (छठे भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से छठे भाव (स्वास्थ्य, ऋण, प्रतिस्पर्धा और दैनिक कार्य) में गोचर करेंगे — इस स्थिति में धैर्य और सावधानी रखें।
- वृषभ (पांचवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से पांचवें भाव (संतान, शिक्षा, प्रेम और विचार) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- मिथुन (चौथे भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से चौथे भाव (घर, माता, संपत्ति और मन की शांति) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- कर्क (तीसरे भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से तीसरे भाव (साहस, भाई-बहन और छोटी यात्राएं) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- सिंह (दूसरे भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से दूसरे भाव (धन, परिवार और वाणी) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- कन्या (पहले भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से पहले भाव (स्वयं, स्वास्थ्य और आत्मविश्वास) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- तुला (बारहवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से बारहवें भाव (व्यय, नींद, विदेश और त्याग) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- वृश्चिक (ग्यारहवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से ग्यारहवें भाव (लाभ, आय और मित्र) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- धनु (दसवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से दसवें भाव (करियर, पद और सार्वजनिक जीवन) में गोचर करेंगे — इस स्थिति में धैर्य और सावधानी रखें।
- मकर (नौवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से नौवें भाव (भाग्य, पिता, गुरु और लंबी यात्राएं) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- कुंभ (आठवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से आठवें भाव (अचानक परिवर्तन, शोध और पुराने विषय) में गोचर करेंगे — शास्त्रीय गोचर में यह शुभ स्थिति है।
- मीन (सातवें भाव): शुक्र आपकी चंद्र राशि से सातवें भाव (विवाह, साझेदारी और व्यापारिक संबंध) में गोचर करेंगे — इस स्थिति में धैर्य और सावधानी रखें।
सरल उपाय
मेष, धनु, मीन के लिए: शुक्रवार को श्री सूक्त पढ़ें और सफेद मिठाई या चावल दान करें।
गोचर को अपनी कुंडली और चल रही दशा के साथ पढ़ें; किसी ग्रह का फल आपकी कुंडली में उसके बल पर निर्भर करता है।
सामान्य फल केवल शुरुआत है: देखें कि यह आपकी अपनी कुंडली में कैसा है।