आज का चौघड़िया – जयपुर, Jaipur, Rajasthan, India
सोमवार, 04-12-1944 · सूर्योदय 08:00 · सूर्यास्त 18:33
| दिन का चौघड़िया | ||
|---|---|---|
| अमृत | 08:00 – 09:19 | हर शुभ कार्य के लिए उत्तम |
| काल | 09:19 – 10:38 | टालें; केवल नियमित कार्य |
| शुभ | 10:38 – 11:57 | संस्कार और नए कार्य के लिए शुभ |
| रोग | 11:57 – 13:16 | टालें; विवाद और ऋण संबंधी कार्य |
| उद्वेग | 13:16 – 14:36 | नया कार्य न करें; सरकारी कार्य के लिए |
| चर | 14:36 – 15:55 | यात्रा और चल कार्यों के लिए उपयुक्त |
| लाभ | 15:55 – 17:14 | व्यापार और शिक्षा के लिए अच्छा |
| अमृत | 17:14 – 18:33 | हर शुभ कार्य के लिए उत्तम |
| रात का चौघड़िया | ||
|---|---|---|
| चर | 18:33 – 20:14 | यात्रा और चल कार्यों के लिए उपयुक्त |
| रोग | 20:14 – 21:55 | टालें; विवाद और ऋण संबंधी कार्य |
| काल | 21:55 – 23:36 | टालें; केवल नियमित कार्य |
| लाभ | 23:36 – 01:17 | व्यापार और शिक्षा के लिए अच्छा |
| उद्वेग | 01:17 – 02:58 | नया कार्य न करें; सरकारी कार्य के लिए |
| शुभ | 02:58 – 04:39 | संस्कार और नए कार्य के लिए शुभ |
| अमृत | 04:39 – 06:20 | हर शुभ कार्य के लिए उत्तम |
| चर | 06:20 – 08:01 | यात्रा और चल कार्यों के लिए उपयुक्त |
सूर्योदय से सूर्यास्त तक का दिन और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक की रात, दोनों आठ बराबर चौघड़ियों में बंटते हैं। शुभ कार्य के लिए अमृत, शुभ और लाभ; यात्रा के लिए चर लिया जाता है।