आज की होरा – जयपुर, Jaipur, Rajasthan, India
गुरुवार, 02-08-1945 · सूर्योदय 06:51 · सूर्यास्त 20:14
| दिन की होरा | ||
|---|---|---|
| गुरु | 06:51 – 07:58 | पूजा, अध्यापन, विवाह वार्ता, वित्त |
| मंगल | 07:58 – 09:04 | संपत्ति, साहस, खेल; विवाद से बचें |
| सूर्य | 09:04 – 10:11 | सरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना |
| शुक्र | 10:11 – 11:18 | वस्त्र, आभूषण, वाहन खरीद; कला |
| बुध | 11:18 – 12:25 | अध्ययन, लेखन, व्यापार, संवाद |
| चंद्र | 12:25 – 13:32 | यात्रा, लोगों से मिलना, जन-संपर्क |
| शनि | 13:32 – 14:39 | परिश्रम, मरम्मत, ऋण चुकाना; नई शुरुआत टालें |
| गुरु | 14:39 – 15:46 | पूजा, अध्यापन, विवाह वार्ता, वित्त |
| मंगल | 15:46 – 16:53 | संपत्ति, साहस, खेल; विवाद से बचें |
| सूर्य | 16:53 – 18:00 | सरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना |
| शुक्र | 18:00 – 19:07 | वस्त्र, आभूषण, वाहन खरीद; कला |
| बुध | 19:07 – 20:14 | अध्ययन, लेखन, व्यापार, संवाद |
| रात की होरा | ||
|---|---|---|
| चंद्र | 20:14 – 21:07 | यात्रा, लोगों से मिलना, जन-संपर्क |
| शनि | 21:07 – 22:00 | परिश्रम, मरम्मत, ऋण चुकाना; नई शुरुआत टालें |
| गुरु | 22:00 – 22:53 | पूजा, अध्यापन, विवाह वार्ता, वित्त |
| मंगल | 22:53 – 23:46 | संपत्ति, साहस, खेल; विवाद से बचें |
| सूर्य | 23:46 – 00:40 | सरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना |
| शुक्र | 00:40 – 01:33 | वस्त्र, आभूषण, वाहन खरीद; कला |
| बुध | 01:33 – 02:26 | अध्ययन, लेखन, व्यापार, संवाद |
| चंद्र | 02:26 – 03:19 | यात्रा, लोगों से मिलना, जन-संपर्क |
| शनि | 03:19 – 04:12 | परिश्रम, मरम्मत, ऋण चुकाना; नई शुरुआत टालें |
| गुरु | 04:12 – 05:05 | पूजा, अध्यापन, विवाह वार्ता, वित्त |
| मंगल | 05:05 – 05:58 | संपत्ति, साहस, खेल; विवाद से बचें |
| सूर्य | 05:58 – 06:51 | सरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना |
सूर्योदय से बारह और सूर्यास्त से बारह होरा। दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है, फिर सूर्य, शुक्र, बुध, चंद्र, शनि, गुरु, मंगल के क्रम में।