व्रत और त्योहार — नवंबर 1944
फरीदाबाद, Faridabad District, Haryana, India
इस माह
| तिथि | सूर्योदय पर तिथि | व्रत / त्योहार |
|---|---|---|
| 03-11-1944 शुक्रवार |
तृतीया, कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत संकष्टी चतुर्थी · चंद्रोदय पर |
| 11-11-1944 शनिवार |
एकादशी, कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत उत्पन्ना एकादशी |
| 13-11-1944 सोमवार |
त्रयोदशी, कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत सोम प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में |
| 14-11-1944 मंगलवार |
चतुर्दशी, कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत मासिक शिवरात्रि · निशीथ काल (मध्यरात्रि) में |
| 15-11-1944 बुधवार |
अमावस्या, कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत अमावस्यासंक्रांति वृश्चिक संक्रांति · 20:10 |
| 26-11-1944 रविवार |
एकादशी, शुक्ल पक्ष मार्गशीर्ष |
त्योहार गीता जयंतीव्रत मोक्षदा एकादशी |
| 27-11-1944 सोमवार |
द्वादशी, शुक्ल पक्ष मार्गशीर्ष |
व्रत सोम प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में |
माह के सभी दिन
| तिथि | तिथि | नक्षत्र | सूर्योदय | सूर्यास्त |
|---|---|---|---|---|
| 01-11-1944 | प्रतिपदा | भरणी | 07:32 | 18:36 |
| 02-11-1944 | द्वितीया | कृत्तिका | 07:32 | 18:35 |
| 03-11-1944 | तृतीया | रोहिणी | 07:33 | 18:34 |
| 04-11-1944 | चतुर्थी | मृगशिरा | 07:34 | 18:34 |
| 05-11-1944 | पंचमी | आर्द्रा | 07:34 | 18:33 |
| 06-11-1944 | षष्ठी | पुनर्वसु | 07:35 | 18:32 |
| 07-11-1944 | सप्तमी | पुष्य | 07:36 | 18:32 |
| 08-11-1944 | अष्टमी | आश्लेषा | 07:37 | 18:31 |
| 09-11-1944 | नवमी | मघा | 07:37 | 18:31 |
| 10-11-1944 | दशमी | पूर्वा फाल्गुनी | 07:38 | 18:30 |
| 11-11-1944 | एकादशी | उत्तरा फाल्गुनी | 07:39 | 18:29 |
| 12-11-1944 | द्वादशी | हस्त | 07:40 | 18:29 |
| 13-11-1944 | त्रयोदशी | चित्रा | 07:40 | 18:28 |
| 14-11-1944 | चतुर्दशी | स्वाति | 07:41 | 18:28 |
| 15-11-1944 | अमावस्या | स्वाति | 07:42 | 18:27 |
| 16-11-1944 | प्रतिपदा | विशाखा | 07:43 | 18:27 |
| 17-11-1944 | द्वितीया | अनुराधा | 07:44 | 18:27 |
| 18-11-1944 | तृतीया | ज्येष्ठा | 07:44 | 18:26 |
| 19-11-1944 | चतुर्थी | मूल | 07:45 | 18:26 |
| 20-11-1944 | पंचमी | पूर्वाषाढ़ा | 07:46 | 18:26 |
| 21-11-1944 | षष्ठी | उत्तराषाढ़ा | 07:47 | 18:25 |
| 22-11-1944 | सप्तमी | श्रवण | 07:48 | 18:25 |
| 23-11-1944 | अष्टमी | धनिष्ठा | 07:48 | 18:25 |
| 24-11-1944 | नवमी | शतभिषा | 07:49 | 18:24 |
| 25-11-1944 | दशमी | पूर्वा भाद्रपद | 07:50 | 18:24 |
| 26-11-1944 | एकादशी | रेवती | 07:51 | 18:24 |
| 27-11-1944 | द्वादशी | अश्विनी | 07:52 | 18:24 |
| 28-11-1944 | त्रयोदशी | भरणी | 07:52 | 18:24 |
| 29-11-1944 | चतुर्दशी | कृत्तिका | 07:53 | 18:24 |
| 30-11-1944 | प्रतिपदा | रोहिणी | 07:54 | 18:24 |
मास उत्तर भारत की पूर्णिमांत पद्धति से हैं; कृष्ण पक्ष पूर्णिमा के बाद वाले मास का माना जाता है। त्योहार उस दिन माना गया है जब उसके पालन के समय वह तिथि हो — अधिकतर सूर्योदय पर, दीपावली और होलिका दहन प्रदोष में, जन्माष्टमी और शिवरात्रि मध्यरात्रि में, करवा चौथ चंद्रोदय पर — और स्थानीय परंपरा में कभी एक दिन का अंतर हो सकता है। संदेह हो तो अपने पुरोहित से पूछें।