व्रत और त्योहार — दिसंबर 1941

नवमुम्बई, Thane, Maharashtra, India

इस माह

तिथि सूर्योदय पर तिथि व्रत / त्योहार
01-12-1941
सोमवार
त्रयोदशी, शुक्ल पक्ष
मार्गशीर्ष
व्रत सोम प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में
03-12-1941
बुधवार
पूर्णिमा, शुक्ल पक्ष
मार्गशीर्ष
व्रत पूर्णिमा
07-12-1941
रविवार
तृतीया, कृष्ण पक्ष
पौष
व्रत संकष्टी चतुर्थी · चंद्रोदय पर
15-12-1941
सोमवार
द्वादशी, कृष्ण पक्ष
पौष
संक्रांति धनु संक्रांति · 16:21
16-12-1941
मंगलवार
त्रयोदशी, कृष्ण पक्ष
पौष
व्रत प्रदोष व्रत · प्रदोष काल मेंव्रत मासिक शिवरात्रि · निशीथ काल (मध्यरात्रि) में
18-12-1941
गुरुवार
अमावस्या, कृष्ण पक्ष
पौष
व्रत अमावस्या
29-12-1941
सोमवार
एकादशी, शुक्ल पक्ष
पौष
व्रत पौष पुत्रदा एकादशी
30-12-1941
मंगलवार
द्वादशी, शुक्ल पक्ष
पौष
व्रत प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में
माह के सभी दिन
तिथितिथिनक्षत्रसूर्योदयसूर्यास्त
01-12-1941 त्रयोदशी भरणी 07:54 18:59
02-12-1941 चतुर्दशी कृत्तिका 07:54 18:59
03-12-1941 पूर्णिमा कृत्तिका 07:55 18:59
04-12-1941 प्रतिपदा रोहिणी 07:56 18:59
05-12-1941 द्वितीया मृगशिरा 07:56 18:59
06-12-1941 तृतीया आर्द्रा 07:57 19:00
07-12-1941 तृतीया पुनर्वसु 07:58 19:00
08-12-1941 चतुर्थी पुष्य 07:58 19:00
09-12-1941 पंचमी आश्लेषा 07:59 19:00
10-12-1941 षष्ठी मघा 07:59 19:01
11-12-1941 सप्तमी पूर्वा फाल्गुनी 08:00 19:01
12-12-1941 अष्टमी उत्तरा फाल्गुनी 08:01 19:01
13-12-1941 नवमी हस्त 08:01 19:02
14-12-1941 दशमी चित्रा 08:02 19:02
15-12-1941 द्वादशी स्वाति 08:02 19:03
16-12-1941 त्रयोदशी विशाखा 08:03 19:03
17-12-1941 चतुर्दशी अनुराधा 08:03 19:03
18-12-1941 अमावस्या ज्येष्ठा 08:04 19:04
19-12-1941 प्रतिपदा मूल 08:05 19:04
20-12-1941 द्वितीया उत्तराषाढ़ा 08:05 19:05
21-12-1941 चतुर्थी श्रवण 08:06 19:05
22-12-1941 पंचमी धनिष्ठा 08:06 19:06
23-12-1941 षष्ठी शतभिषा 08:07 19:06
24-12-1941 सप्तमी पूर्वा भाद्रपद 08:07 19:07
25-12-1941 अष्टमी उत्तरा भाद्रपद 08:08 19:07
26-12-1941 नवमी रेवती 08:08 19:08
27-12-1941 दशमी रेवती 08:08 19:08
28-12-1941 दशमी अश्विनी 08:09 19:09
29-12-1941 एकादशी भरणी 08:09 19:09
30-12-1941 द्वादशी कृत्तिका 08:10 19:10
31-12-1941 त्रयोदशी रोहिणी 08:10 19:11

मास उत्तर भारत की पूर्णिमांत पद्धति से हैं; कृष्ण पक्ष पूर्णिमा के बाद वाले मास का माना जाता है। त्योहार उस दिन माना गया है जब उसके पालन के समय वह तिथि हो — अधिकतर सूर्योदय पर, दीपावली और होलिका दहन प्रदोष में, जन्माष्टमी और शिवरात्रि मध्यरात्रि में, करवा चौथ चंद्रोदय पर — और स्थानीय परंपरा में कभी एक दिन का अंतर हो सकता है। संदेह हो तो अपने पुरोहित से पूछें।

कुछ गड़बड़ हुई। फिर से लोड करें 🗙

Rejoining the server...

Rejoin failed... trying again in seconds.

Failed to rejoin.
Please retry or reload the page.

The session has been paused by the server.

Failed to resume the session.
Please retry or reload the page.