व्रत और त्योहार — अगस्त 1945
सुरत, Sūrat, Gujarat, India
इस माह
| तिथि | सूर्योदय पर तिथि | व्रत / त्योहार |
|---|---|---|
| 04-08-1945 शनिवार |
एकादशी, कृष्ण पक्ष श्रावण |
व्रत कामिका एकादशी |
| 05-08-1945 रविवार |
द्वादशी, कृष्ण पक्ष श्रावण |
व्रत प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में |
| 06-08-1945 सोमवार |
त्रयोदशी, कृष्ण पक्ष श्रावण |
व्रत मासिक शिवरात्रि · निशीथ काल (मध्यरात्रि) में |
| 13-08-1945 सोमवार |
पंचमी, शुक्ल पक्ष श्रावण |
त्योहार नाग पंचमी |
| 16-08-1945 गुरुवार |
अष्टमी, शुक्ल पक्ष श्रावण |
संक्रांति सिंह संक्रांति · 14:52 |
| 19-08-1945 रविवार |
एकादशी, शुक्ल पक्ष श्रावण |
व्रत श्रावण पुत्रदा एकादशी |
| 21-08-1945 मंगलवार |
त्रयोदशी, शुक्ल पक्ष श्रावण |
व्रत प्रदोष व्रत · प्रदोष काल में |
| 23-08-1945 गुरुवार |
पूर्णिमा, शुक्ल पक्ष श्रावण |
त्योहार रक्षा बंधनव्रत पूर्णिमा |
| 26-08-1945 रविवार |
तृतीया, कृष्ण पक्ष भाद्रपद |
व्रत संकष्टी चतुर्थी · चंद्रोदय पर |
| 29-08-1945 बुधवार |
सप्तमी, कृष्ण पक्ष भाद्रपद |
त्योहार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी · निशीथ काल (मध्यरात्रि) में |
माह के सभी दिन
| तिथि | तिथि | नक्षत्र | सूर्योदय | सूर्यास्त |
|---|---|---|---|---|
| 01-08-1945 | अष्टमी | भरणी | 07:11 | 20:17 |
| 02-08-1945 | नवमी | कृत्तिका | 07:12 | 20:17 |
| 03-08-1945 | दशमी | रोहिणी | 07:12 | 20:16 |
| 04-08-1945 | एकादशी | मृगशिरा | 07:12 | 20:16 |
| 05-08-1945 | द्वादशी | आर्द्रा | 07:13 | 20:15 |
| 06-08-1945 | त्रयोदशी | पुनर्वसु | 07:13 | 20:15 |
| 07-08-1945 | चतुर्दशी | पुष्य | 07:13 | 20:14 |
| 08-08-1945 | प्रतिपदा | आश्लेषा | 07:14 | 20:13 |
| 09-08-1945 | द्वितीया | मघा | 07:14 | 20:13 |
| 10-08-1945 | द्वितीया | पूर्वा फाल्गुनी | 07:15 | 20:12 |
| 11-08-1945 | तृतीया | उत्तरा फाल्गुनी | 07:15 | 20:12 |
| 12-08-1945 | चतुर्थी | हस्त | 07:15 | 20:11 |
| 13-08-1945 | पंचमी | चित्रा | 07:16 | 20:10 |
| 14-08-1945 | षष्ठी | चित्रा | 07:16 | 20:10 |
| 15-08-1945 | सप्तमी | स्वाति | 07:16 | 20:09 |
| 16-08-1945 | अष्टमी | विशाखा | 07:17 | 20:08 |
| 17-08-1945 | नवमी | अनुराधा | 07:17 | 20:07 |
| 18-08-1945 | दशमी | ज्येष्ठा | 07:17 | 20:07 |
| 19-08-1945 | एकादशी | मूल | 07:18 | 20:06 |
| 20-08-1945 | द्वादशी | पूर्वाषाढ़ा | 07:18 | 20:05 |
| 21-08-1945 | त्रयोदशी | उत्तराषाढ़ा | 07:18 | 20:04 |
| 22-08-1945 | चतुर्दशी | श्रवण | 07:18 | 20:03 |
| 23-08-1945 | पूर्णिमा | धनिष्ठा | 07:19 | 20:03 |
| 24-08-1945 | प्रतिपदा | शतभिषा | 07:19 | 20:02 |
| 25-08-1945 | द्वितीया | पूर्वा भाद्रपद | 07:19 | 20:01 |
| 26-08-1945 | तृतीया | उत्तरा भाद्रपद | 07:20 | 20:00 |
| 27-08-1945 | पंचमी | रेवती | 07:20 | 19:59 |
| 28-08-1945 | षष्ठी | अश्विनी | 07:20 | 19:58 |
| 29-08-1945 | सप्तमी | कृत्तिका | 07:20 | 19:58 |
| 30-08-1945 | अष्टमी | रोहिणी | 07:21 | 19:57 |
| 31-08-1945 | नवमी | मृगशिरा | 07:21 | 19:56 |
मास उत्तर भारत की पूर्णिमांत पद्धति से हैं; कृष्ण पक्ष पूर्णिमा के बाद वाले मास का माना जाता है। त्योहार उस दिन माना गया है जब उसके पालन के समय वह तिथि हो — अधिकतर सूर्योदय पर, दीपावली और होलिका दहन प्रदोष में, जन्माष्टमी और शिवरात्रि मध्यरात्रि में, करवा चौथ चंद्रोदय पर — और स्थानीय परंपरा में कभी एक दिन का अंतर हो सकता है। संदेह हो तो अपने पुरोहित से पूछें।